🚨 बड़ी खबर: भारत के सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता पहुंचे खाटूधाम, बाबा श्याम के दर्शन के बाद मंदिर समिति ने किया विशेष सम्मान

Image
अध्यक्ष शक्ति सिंह चौहान व मंत्री मानवेन्द्र सिंह चौहान ने कराई पूजा, मंदिर व्यवस्थाओं की भी दी जानकारी खाटूश्यामजी। भारत सरकार के सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता शनिवार को विश्व प्रसिद्ध श्री खाटूश्यामजी मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने बाबा श्याम के दरबार में विधिवत पूजा-अर्चना कर शीश नवाया तथा देश में सुख, समृद्धि और खुशहाली की मंगलकामना की। दर्शन के दौरान श्री श्याम मंदिर कमेटी के अध्यक्ष शक्ति सिंह चौहान एवं मंत्री मानवेन्द्र सिंह चौहान ने तुषार मेहता से वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विधिवत पूजा-अर्चना करवाई। इसके बाद मंत्री मानवेन्द्र सिंह चौहान ने उन्हें मंदिर की व्यवस्थाओं, श्रद्धालुओं के लिए किए जा रहे प्रबंधों तथा मंदिर के संचालन से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियों से अवगत कराया। दर्शन के उपरांत तुषार मेहता मंदिर समिति कार्यालय पहुंचे, जहां समिति की ओर से उन्हें श्याम दुपट्टा ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। साथ ही चांदी का निशान एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर उनका अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर जिला एवं सत्र न्यायाधीश रेखा गुप्ता, रींगस एसडीएम बृजेश गुप्ता, तहसीलदार सुरेंद्र कुमावत, खाटूश्यामजी डिप्टी राजेश ज...

Khatu Shyam Ji: क्या रुक जाएगा करोड़ों का अस्पताल प्रोजेक्ट? निर्माण के बीच नई जमीन की तलाश ने बढ़ाए सवाल

कचरा डंपिंग यार्ड के बीच बन रहे अस्पताल पर उठे सवाल, कलेक्टर ने निरीक्षण के दौरान देखे वैकल्पिक स्थल; विकास परियोजनाओं की शुरू हुई नई समीक्षा




खाटूश्यामजी। खाटूधाम में करोड़ों रुपये की लागत से बन रहे उपजिला अस्पताल को लेकर एक बार फिर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। जिस अस्पताल भवन का निर्माण तेजी से चल रहा है, उसी दौरान जिला प्रशासन द्वारा वैकल्पिक जमीन की तलाश शुरू होने से पूरे प्रोजेक्ट का भविष्य चर्चा का विषय बन गया है।

बुधवार को जिला कलक्टर आशीष मोदी ने शहर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान निर्माणाधीन अस्पताल स्थल के आसपास फैले कचरा डंपिंग क्षेत्र और गंदगी को लेकर अधिकारियों के बीच गंभीर चर्चा हुई। इसके बाद कलक्टर ने शहर में अन्य स्थानों का भी निरीक्षण किया, जिससे अस्पताल की जगह बदलने की संभावनाओं को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
खास बात यह है कि अस्पताल परियोजना पहले भी कई बार विवादों और स्थान परिवर्तन का सामना कर चुकी है। पहले सांवलपुरा क्षेत्र में शिलान्यास हुआ, फिर स्थान बदलकर पीडब्ल्यूडी मोड़ के पास निर्माण शुरू किया गया। अब निर्माण के बीच फिर से वैकल्पिक जमीन देखने की कवायद ने प्रशासनिक योजना और विभागीय समन्वय पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि अस्पताल के लिए उपयुक्त स्थान का चयन पहले ही कर लिया जाता तो करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद ऐसी स्थिति नहीं बनती। दूसरी ओर प्रशासन का मानना है कि मरीजों और भविष्य की आवश्यकताओं को देखते हुए बेहतर विकल्पों पर विचार करना जरूरी है।

निरीक्षण के दौरान जिला कलक्टर ने रींगस रोड स्थित पैदल मार्ग से अतिक्रमण हटाने, सांवलपुरा कचरा ट्रीटमेंट प्लांट, 40 बीघा भूमि और मेला डायवर्जन मार्ग का भी जायजा लिया तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या अस्पताल उसी स्थान पर बनेगा या फिर एक बार फिर पूरी योजना नई जमीन पर शिफ्ट होगी? आने वाले दिनों में प्रशासन का फैसला इस महत्वाकांक्षी परियोजना की दिशा तय करेगा।

Comments

Popular posts from this blog

खाटू में श्रद्धालुओं से बदसलूकी पर पुलिस सख्त: बस कंडक्टर और सुलभ शौचालय कर्मचारी गिरफ्तार, कानून तोड़ने वालों को चेतावनी

खाटूश्यामजी में नए अधिकारियों ने संभाला कार्यभार, बाबा श्याम के दर्शन कर शुरू की नई जिम्मेदारी

Khatushyamji News: लपका गिरोह पर पुलिस का बड़ा एक्शन, श्रद्धालुओं को परेशान करने वाले 17 दलाल गिरफ्तार